शनि ग्रह से संबंधित व्यवसायिक विचार।

  • AuthorNakashtraTak
  • Article Date26-10-2024

शनि ग्रह से संबंधित व्यवसायिक विचार।

शनि ग्रह और आपके पेशे के बीच एक मधुर संबंध है। यदि शनि आपका साथ देता है तो यह आपको आपके कॅरियर में बेजोड़ ऊंचाइयों पर ले जा सकता है। हिन्दू ज्योतिष में शनि ग्रह को आयु, दुख, रोग, पीड़ा, विज्ञान, तकनीकी, लोहा, खनिज तेल, कर्मचारी, सेवक, जेल आदि का कारक माना जाता है। यह मकर और कुंभ राशि का स्वामी होता है। तुला राशि शनि की उच्च राशि है जबकि मेष इसकी नीच राशि मानी जाती है। शनि का गोचर एक राशि में ढ़ाई वर्ष तक रहता है। ज्योतिषीय भाषा में इसे शनि ढैय्या कहते हैं। नौ ग्रहों में शनि की गति सबसे मंद है। शनि विशेष रूप से औद्योगिक क्षेत्र में कुछ व्यवसायों के साथ निकटता से जुड़ा हुआ है। शनि को प्रभावित करने वाला पेशा अलग-अलग घरों में शनि की चाल के अनुसार बदल सकते हैं, जिसके बारे में हम इस लेख में विस्तार से चर्चा करेंगे। इस लेख के अंत में, आप किसी व्यक्ति की व्यावसायिक सफलता या आर्थिक विकास में शनि की भूमिका के बारे में अच्छे से जान सकेंगे। शनि से संबंधित सबसे आदर्श व्यवसाय हैं लोहा, कोयले की खदानें, पेट्रोल, काले पत्थर, निर्माण सामग्री, तेल आदि। तो आइए समझने की कोशिश करते हैं कि शनि सबसे महत्वपूर्ण ग्रहों में से एक क्यों है और यह राशियों को कैसे प्रभावित करता है। क्योंकि यह कॅरियर के हिसाब से घरों को बदलता है। आप अनुकूल सूर्य और शनि से जुड़ी परिवहन कंपनियों में भी निवेश कर सकते हैं। इसके अलावा, सूर्य और शनि की युति बीमा क्षेत्रों में कॅरियर के लिए भी जिम्मेदार है। शनि और राहु की युति व्यक्ति को डॉक्टर बना सकती है। यदि इसमें मंगल भी जुड़ जाए तो जातक सर्जन के रूप में आगे बढ़ सकता है।

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार हम लोग यहाँ पर शनि ग्रह से विचारणीय व्यवसाय के बारे में जानेंगे -

लोहा संबन्धित कार्य, मशीनरी के कार्य, केमिकल प्रोडक्ट, ज्वलनशील तेल ( पेट्रोल, डीजल आदि ), कुकिंग गैस,प्राचीन वस्तुएं, पुरातत्व विभाग, अनुसंधान कार्य, लोहे से संबंधित कच्ची धातु, कोयला, चमड़े का काम, जूते,अधिक श्रम वाला कार्य,नौकरी, मजदूरी, ठेकेदारी, दस्तकारी, मरम्मत के कार्य, लकड़ी का कार्य, मोटा अनाज, प्लास्टिक एवम रबर उद्योग, काले पदार्थ, स्पेयर पार्ट्स, भवन निर्माण सामग्री,  पत्थर, ईट, शीशा, टाइल्स, राजमिस्त्री, श्रम एवम समाज कल्याण विभाग, टायर उद्योग, पलम्बर, घड़ियों का काम, कबाड़ी का काम,मोरंग,बालू,गिट्टी,सरिया,तेल निकालना, पी डब्लू डी, सड़क निर्माण, सीमेंट, पत्थर की मूर्ति |