सब समय पर्थ के स्थानीय समय (AWST) में। पंचांग का दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक।
| तिथि | सप्तमी — 2:55 PM → अष्टमी |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| नक्षत्र | आर्द्रा — 2:57 PM → पुनर्वसु |
| योग | परिघ — 10:40 AM |
| करण | बव — 2:55 PM · बालव |
| सूर्योदय / सूर्यास्त | 5:39 AM / 6:27 PM |
| चंद्रोदय / चंद्रास्त | — / 10:19 AM |
| चंद्र मास | आश्विन (अमांत) · कार्तिक (पूर्णिमांत) |
| चंद्र राशि | मिथुन — 8:29 AM, 14 अक्टूबर |
| सूर्य राशि | कन्या |
| विक्रम संवत / शक | 2082 / 1947 |
| ऋतु / अयन | शरद · दक्षिणायन |
| दिनमान / रात्रिमान | 12 घंटे 48 मिनट / 11 घंटे 11 मिनट |
| दिशा शूल | पूर्व |
| ब्रह्म मुहूर्त | 4:09 AM – 4:54 AM |
| अभिजित मुहूर्त | 11:37 AM – 12:29 PM |
| अमृत काल | 5:26 AM – 6:57 AM |
| रवि योग | 5:39 AM – 2:57 PM |
| विजय मुहूर्त | 2:11 PM – 3:02 PM |
| गोधूलि मुहूर्त | 6:27 PM – 6:49 PM |
| निशीथ मुहूर्त | 11:40 PM – 12:25 AM, 14 अक्टूबर |
| प्रातः सन्ध्या | 4:32 AM – 5:39 AM |
| सायाह्न सन्ध्या | 6:27 PM – 7:34 PM |
| राहुकाल | 7:15 AM – 8:51 AM |
| यमगंड | 10:27 AM – 12:03 PM |
| गुलिक काल | 1:39 PM – 3:15 PM |
| दुर्मुहूर्त | 12:29 PM – 1:20 PM, 3:02 PM – 3:53 PM |
| वर्ज्य | 2:41 AM, 14 अक्टूबर – 4:15 AM, 14 अक्टूबर |
| बाण | रोग बाण 3:33 PM – पूरी रात |
| नक्षत्र-पद | आर्द्रा-3 — 9:11 AM · आर्द्रा-4 — 2:57 PM · पुनर्वसु-1 — 8:45 PM · पुनर्वसु-2 — 2:36 AM, 14 अक्टूबर · पुनर्वसु-3 — 8:29 AM, 14 अक्टूबर |
| अगला योग | शिव — 8:25 AM, 14 अक्टूबर |
| सूर्य-नक्षत्र | चित्रा (पद 1) |
| मध्याह्न | 12:03 PM |
| आनन्दादि योग | कालदण्ड — 2:57 PM फिर धूम्र |
| तमिल योग | मरण |
| होमाहुति | गुरु |
| चन्द्र वास | पश्चिम |
| राहु वास | उत्तर-पश्चिम |
| कुम्भ चक्र | गर्भ |
| जीवनम् / नेत्रम् | अर्ध जीवन · दो नेत्र — 2:57 PM फिर एक नेत्र |
| चन्द्रबल (इन राशियों हेतु शुभ) | मेष, मिथुन, सिंह, कन्या, धनु, मकर |
| चन्द्राष्टम | वृश्चिक |
| ताराबल (इन नक्षत्रों हेतु शुभ) | अश्विनी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, मघा, उ.फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, अनुराधा, मूल, उ.आषाढ़, धनिष्ठा, पू.भाद्रपद, उ.भाद्रपद (— 2:57 PM) |
| ऋतु (वैदिक) / अयन (वैदिक) | शरद · दक्षिणायन |
| गुजराती संवत / कलियुग | 2081 नल / 5126 |
| प्रविष्टे / गते | 27 |
| राष्ट्रीय शक तिथि | आश्विन 21, शक 1947 |
| पंचक-रहित मुहूर्त | ✅ शुभ मुहूर्त: 5:39 AM – 5:56 AM ⛔ मृत्यु पंचक: 5:56 AM – 7:28 AM ⛔ अग्नि पंचक: 7:28 AM – 9:22 AM ✅ शुभ मुहूर्त: 9:22 AM – 11:37 AM ⛔ राज पंचक: 11:37 AM – 2:00 PM ✅ शुभ मुहूर्त: 2:00 PM – 4:21 PM ⛔ रोग पंचक: 4:21 PM – 6:41 PM ⛔ चोर पंचक: 6:41 PM – 9:04 PM ✅ शुभ मुहूर्त: 9:04 PM – 11:24 PM ⛔ रोग पंचक: 11:24 PM – 1:27 AM, 14 अक्टूबर ✅ शुभ मुहूर्त: 1:27 AM, 14 अक्टूबर – 3:07 AM, 14 अक्टूबर ⛔ मृत्यु पंचक: 3:07 AM, 14 अक्टूबर – 4:30 AM, 14 अक्टूबर ⛔ अग्नि पंचक: 4:30 AM, 14 अक्टूबर – 5:38 AM, 14 अक्टूबर |
| उदय-लग्न | कन्या: 5:39 AM – 5:56 AM तुला: 5:56 AM – 7:28 AM वृश्चिक: 7:28 AM – 9:22 AM धनु: 9:22 AM – 11:37 AM मकर: 11:37 AM – 2:00 PM कुंभ: 2:00 PM – 4:21 PM मीन: 4:21 PM – 6:41 PM मेष: 6:41 PM – 9:04 PM वृष: 9:04 PM – 11:24 PM मिथुन: 11:24 PM – 1:27 AM, 14 अक्टूबर कर्क: 1:27 AM, 14 अक्टूबर – 3:07 AM, 14 अक्टूबर सिंह: 3:07 AM, 14 अक्टूबर – 4:30 AM, 14 अक्टूबर कन्या: 4:30 AM, 14 अक्टूबर – 5:38 AM, 14 अक्टूबर |
तिथि-नक्षत्र पूरी दुनिया में एक ही क्षण बदलते हैं, पर पंचांग का दिन स्थानीय सूर्योदय से शुरू होता है और राहुकाल, चौघड़िया व मुहूर्त स्थानीय दिन के भाग हैं। पर्थ का सूर्योदय भारत से घंटों बाद होता है, इसलिए «सूर्योदय की तिथि» और सब समय बदलते हैं — इसी से पर्व की तारीख भी बदल सकती है।
पर्थ का स्थानीय समय (AWST)।
पर्थ के अक्षांश-देशांतर पर Swiss Ephemeris (लाहिरी अयनांश) से; चंद्रोदय/अस्त बिम्ब-केंद्र से, बिना अपवर्तन — मानक पंचांगों की तरह।
🙏 गुरुजी (आचार्य आदित्य धर द्विवेदी) से सीधी बात