ओमान में चैत्र नवरात्रि 2027: बुधवार, 7 अप्रैल — शहर-वार पूजा-समय
ओमान में चैत्र नवरात्रि 2027: बुधवार, 7 अप्रैल 2027 (मस्कट)
घटस्थापना मुहूर्त (प्रातःकाल): 5:53 AM – 8:23 AM GST
भारत के दिन ही। 2027 में चैत्र नवरात्रि भारत और मस्कट में बुधवार, 7 अप्रैल 2027 को है।
चैत्र नवरात्रि 2027 — मस्कट
| शहर | तारीख | घटस्थापना मुहूर्त (प्रातःकाल) | तिथि (स्थानीय) |
|---|
मस्कट Gulf Standard Time (GST) | बुधवार, 7 अप्रैल 2027 | 5:53 AM – 8:23 AM GST | 7 अप्रैल, 3:53 AM → 8 अप्रैल, 2:59 AM GST |
समय स्थानीय। तिथि = उस शहर में पर्व-तिथि का आरंभ → अंत।
जुड़े दिन (मस्कट)
| राम नवमी | गुरुवार, 15 अप्रैल 2027 |
अन्य शहरों में एक दिन का अंतर हो सकता है; शहर-वार तारीखें उस पर्व के पन्ने पर।
चैत्र नवरात्रि की तारीख कैसे तय होती है
स्थानीय सूर्योदय पर प्रतिपदा (उदया तिथि); घटस्थापना दिन के पहले भाग में।
महत्व
इसी प्रतिपदा को ब्रह्मा ने सृष्टि रचना आरंभ की (ब्रह्म-पुराण) — इसीलिए हिन्दू नव-वर्ष; राजा विक्रमादित्य ने विक्रम संवत यहीं से चलाया; इसी नवरात्रि की नवमी को श्रीराम का जन्म।
वासंती नवरात्रि ऋतु-संधि (शीत→ग्रीष्म) पर आती है — नौ दिन का संयम, नीम-गुड़-मिश्री (उगादी पच्चड़ी/गुड़ी पड़वा का नीम) शरीर को नई ऋतु के लिए तैयार करता है; यह भी कारण है कि व्रत में फलाहार-सात्विक।
नौ देवियाँ वही — शैलपुत्री से सिद्धिदात्री; तृतीया को राजस्थान-मालवा में गणगौर, अष्टमी को दुर्गाष्टमी/अशोकाष्टमी, नवमी को राम नवमी (राम-जन्मोत्सव दोपहर 12 बजे)।
पूजा-विधि (संक्षेप)
- प्रतिपदा को सूर्योदय के बाद (या अभिजित — ऊपर समय) घटस्थापना: मिट्टी के पात्र में जौ बोएँ, जल-कलश (सुपारी-सिक्का-अक्षत-दूर्वा), आम के पत्ते, चुनरी-लिपटा नारियल; दुर्गा-चित्र, लाल कपड़ा; अखंड ज्योति (या सुबह-शाम दीप); संकल्प।
- नव-वर्ष की रीत (उसी सुबह): घर के द्वार पर आम-अशोक के पत्तों का तोरण, रंगोली, ध्वज/गुड़ी (महाराष्ट्र); नीम की कोंपल-गुड़-मिश्री-काली मिर्च का प्रसाद (कड़वा-मीठा-तीखा — नया साल हर रस का); पंचांग/वर्षफल का श्रवण (परिवार बैठकर); बड़ों को प्रणाम।
- रोज़ सुबह-शाम: दीप-धूप, उस दिन की देवी का भोग, दुर्गा-सप्तशती/चालीसा, आरती; जवारों में जल; व्रत — फलाहार/सात्विक (नौ दिन या पहला-आख़िरी या अष्टमी)।
- तृतीया: गणगौर (राजस्थान-मालवा — पन्ना अलग); चतुर्थी-पंचमी: विनायक चतुर्थी, लक्ष्मी पंचमी (कुछ परंपराएँ); षष्ठी: स्कंद षष्ठी — कात्यायनी।
- अष्टमी (दुर्गाष्टमी/अशोकाष्टमी): कन्या-पूजन — 9 कन्याएँ + 1 बालक, पैर धोकर, हलवा-पूड़ी-चना, दक्षिणा-उपहार; अशोक के 8 पत्ते जल के साथ (अशोकाष्टमी — शोक-नाश); कई घर अष्टमी को व्रत खोलते हैं।
- नवमी (राम नवमी): हवन — «ॐ दुं दुर्गायै नमः स्वाहा» + राम-नाम; दोपहर 12 बजे राम-जन्म — राम-दरबार को पालना, पंजीरी-पंचामृत, «श्रीराम जय राम जय जय राम»; कन्या-पूजन (जिनकी रीत नवमी की); जवारे काटकर परिवार में, कलश-जल छिड़कना; पारण।
- दशमी को कलश-जवारे-प्रतिमा का विसर्जन (जल/पौधा) — नवरात्रि समापन।
- उगादी/गुड़ी पड़वा वाले घर: तेल-स्नान (अभ्यंग), नए वस्त्र, गुड़ी (बाँस पर रेशमी कपड़ा-नीम-फूल-गुड़-ताँबे का लोटा) द्वार पर, श्रीखंड-पूरनपोली/उगादी पच्चड़ी-बोब्बट्लु, पंचांग-श्रवण।
प्रश्नोत्तर
क्या चैत्र नवरात्रि 2027 ओमान और भारत में एक ही दिन है?
हाँ — बुधवार, 7 अप्रैल 2027।
मस्कट में चैत्र नवरात्रि 2027 का पूजा-समय?
घटस्थापना मुहूर्त (प्रातःकाल): 5:53 AM से 8:23 AM (GST)। अन्य शहर ऊपर सारणी में।
ये समय किस समय-क्षेत्र में हैं?
हर पंक्ति उस शहर के स्थानीय समय में (मस्कट के लिए Gulf Standard Time (GST))।
हिन्दू नव-वर्ष (विक्रम संवत) कौन-सा शुरू होगा?
इस प्रतिपदा से नया विक्रम संवत (ऊपर तिथि-पट्टी में संवत-संख्या) — ईसवी वर्ष + 57; उसके साथ नया संवत्सर-नाम (60 नामों का चक्र); शक संवत चैत्र शुक्ल प्रतिपदा (या 22 मार्च) से, ईसवी − 78।
गुड़ी पड़वा, उगादी और चैत्र नवरात्रि एक ही दिन क्यों?
सब चैत्र शुक्ल प्रतिपदा (चंद्र-वर्ष का पहला दिन) पर हैं — महाराष्ट्र में गुड़ी, दक्षिण में उगादी, उत्तर में नवरात्रि-घटस्थापना; कभी-कभी अमावस्या की अवधि से एक दिन का अंतर आ जाता है।
शारदीय और चैत्र नवरात्रि में क्या अंतर?
देवी-पूजा एक-सी; चैत्र (वासंती) पर नव-वर्ष और राम नवमी जुड़ते हैं, शारदीय पर दशहरा-दुर्गा-पूजा; शारदीय अधिक धूमधाम से, चैत्र अधिक घरेलू-व्रत-प्रधान। दो और गुप्त नवरात्रि (माघ, आषाढ़) साधकों की।
नीम-गुड़ क्यों खाते हैं?
नई ऋतु के लिए शरीर की तैयारी (नीम रक्त-शोधक, गुड़ शक्ति) और जीवन के कड़वे-मीठे को समान भाव से स्वीकारने का प्रतीक — उगादी पच्चड़ी में छह रस इसी का विस्तार।
🧙
ओमान से भारतीय ज्योतिषी से बात करें — चैट, कॉल या वीडियो; email से login, अंतरराष्ट्रीय कॉल-शुल्क नहीं।
ज्योतिषी देखें →