सब समय कैलगरी के स्थानीय समय (CST) में, DST-सहित। पंचांग का दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक।
| तिथि | द्वितीया — 7:14 AM, 17 अक्टूबर → तृतीया |
| पक्ष | कृष्ण पक्ष |
| नक्षत्र | अश्विनी — 12:29 PM → भरणी |
| योग | वज्र — 1:32 AM, 17 अक्टूबर |
| करण | तैतिल — 7:32 PM · गर |
| सूर्योदय / सूर्यास्त | 8:01 AM / 6:41 PM |
| चंद्रोदय / चंद्रास्त | 6:44 PM / 9:34 AM |
| चंद्र मास | आश्विन (अमांत) · कार्तिक (पूर्णिमांत) |
| चंद्र राशि | मेष — 6:31 PM, 17 अक्टूबर |
| सूर्य राशि | कन्या |
| विक्रम संवत / शक | 2084 / 1949 |
| ऋतु / अयन | शरद · दक्षिणायन |
| दिनमान / रात्रिमान | 10 घंटे 40 मिनट / 13 घंटे 22 मिनट |
| दिशा शूल | पूर्व |
| ब्रह्म मुहूर्त | 6:15 AM – 7:08 AM |
| अभिजित मुहूर्त | 1:00 PM – 1:42 PM |
| अमृत काल | 7:45 AM, 17 अक्टूबर – 9:21 AM, 17 अक्टूबर |
| विजय मुहूर्त | 3:08 PM – 3:50 PM |
| गोधूलि मुहूर्त | 6:41 PM – 7:08 PM |
| निशीथ मुहूर्त | 12:55 AM, 17 अक्टूबर – 1:49 AM, 17 अक्टूबर |
| प्रातः सन्ध्या | 6:41 AM – 8:01 AM |
| सायाह्न सन्ध्या | 6:41 PM – 8:01 PM |
| राहुकाल | 10:41 AM – 12:01 PM |
| यमगंड | 2:41 PM – 4:01 PM |
| गुलिक काल | 8:01 AM – 9:21 AM |
| दुर्मुहूर्त | 8:01 AM – 8:44 AM, 8:44 AM – 9:26 AM |
| वर्ज्य | 8:24 AM – 10:02 AM, 10:07 PM – 11:43 PM |
| गंडमूल | 8:01 AM – 12:29 PM |
| बाण | मृत्यु बाण — 2:31 PM |
| नक्षत्र-पद | अश्विनी-4 — 12:29 PM · भरणी-1 — 6:32 PM · भरणी-2 — 12:34 AM, 17 अक्टूबर · भरणी-3 — 6:35 AM, 17 अक्टूबर · भरणी-4 — 12:34 PM, 17 अक्टूबर |
| अगला योग | सिद्धि — 11:47 PM, 17 अक्टूबर |
| सूर्य-नक्षत्र | चित्रा (पद 2) |
| मध्याह्न | 1:21 PM |
| आनन्दादि योग | सौम्य — 12:29 PM फिर ध्वांक्ष |
| तमिल योग | सिद्ध — 12:29 PM फिर मरण |
| होमाहुति | चन्द्र — 12:29 PM फिर मंगल |
| चन्द्र वास | पूर्व |
| राहु वास | पूर्व |
| कुम्भ चक्र | उत्तर |
| जीवनम् / नेत्रम् | पूर्ण जीवन · दो नेत्र |
| चन्द्रबल (इन राशियों हेतु शुभ) | मेष, मिथुन, कर्क, तुला, वृश्चिक, कुंभ |
| चन्द्राष्टम | कन्या |
| ताराबल (इन नक्षत्रों हेतु शुभ) | भरणी, कृत्तिका, मृगशिरा, पुनर्वसु, आश्लेषा, पू.फाल्गुनी, उ.फाल्गुनी, चित्रा, विशाखा, ज्येष्ठा, पू.आषाढ़, उ.आषाढ़, धनिष्ठा, पू.भाद्रपद, रेवती (— 12:29 PM) |
| ऋतु (वैदिक) / अयन (वैदिक) | शरद · दक्षिणायन |
| गुजराती संवत / कलियुग | 2083 कालयुक्त / 5128 |
| प्रविष्टे / गते | 30 |
| राष्ट्रीय शक तिथि | आश्विन 24, शक 1949 |
| पंचक-रहित मुहूर्त | ⛔ राज पंचक: 8:01 AM – 8:14 AM ✅ शुभ मुहूर्त: 8:14 AM – 11:04 AM ⛔ चोर पंचक: 11:04 AM – 12:29 PM ✅ शुभ मुहूर्त: 12:29 PM – 1:40 PM ⛔ रोग पंचक: 1:40 PM – 3:35 PM ✅ शुभ मुहूर्त: 3:35 PM – 4:50 PM ⛔ मृत्यु पंचक: 4:50 PM – 5:45 PM ⛔ अग्नि पंचक: 5:45 PM – 6:38 PM ✅ शुभ मुहूर्त: 6:38 PM – 7:43 PM ⛔ मृत्यु पंचक: 7:43 PM – 9:21 PM ⛔ अग्नि पंचक: 9:21 PM – 11:44 PM ✅ शुभ मुहूर्त: 11:44 PM – 2:31 AM, 17 अक्टूबर ⛔ राज पंचक: 2:31 AM, 17 अक्टूबर – 5:21 AM, 17 अक्टूबर ✅ शुभ मुहूर्त: 5:21 AM, 17 अक्टूबर – 7:14 AM, 17 अक्टूबर ⛔ चोर पंचक: 7:14 AM, 17 अक्टूबर – 8:03 AM, 17 अक्टूबर |
| उदय-लग्न | कन्या: 8:01 AM – 8:14 AM तुला: 8:14 AM – 11:04 AM वृश्चिक: 11:04 AM – 1:40 PM धनु: 1:40 PM – 3:35 PM मकर: 3:35 PM – 4:50 PM कुंभ: 4:50 PM – 5:45 PM मीन: 5:45 PM – 6:38 PM मेष: 6:38 PM – 7:43 PM वृष: 7:43 PM – 9:21 PM मिथुन: 9:21 PM – 11:44 PM कर्क: 11:44 PM – 2:31 AM, 17 अक्टूबर सिंह: 2:31 AM, 17 अक्टूबर – 5:21 AM, 17 अक्टूबर कन्या: 5:21 AM, 17 अक्टूबर – 8:03 AM, 17 अक्टूबर |
तिथि-नक्षत्र पूरी दुनिया में एक ही क्षण बदलते हैं, पर पंचांग का दिन स्थानीय सूर्योदय से शुरू होता है और राहुकाल, चौघड़िया व मुहूर्त स्थानीय दिन के भाग हैं। कैलगरी का सूर्योदय भारत से घंटों बाद होता है, इसलिए «सूर्योदय की तिथि» और सब समय बदलते हैं — इसी से पर्व की तारीख भी बदल सकती है।
कैलगरी का स्थानीय समय (CST), DST अपने-आप लागू।
कैलगरी के अक्षांश-देशांतर पर Swiss Ephemeris (लाहिरी अयनांश) से; चंद्रोदय/अस्त बिम्ब-केंद्र से, बिना अपवर्तन — मानक पंचांगों की तरह।
🙏 गुरुजी (आचार्य आदित्य धर द्विवेदी) से सीधी बात