किसी भी तिथि व स्थान का सटीक वैदिक पंचांग — निःशुल्क
🎉 पर्व: अमावस्या, सर्व पितृ अमावस्या (महालय)
| तिथि | कृष्ण पक्ष अमावस्या — 09:24 PM तक |
|---|---|
| नक्षत्र | हस्त — 09:42 PM तक |
| योग | इन्द्र — 10:02 PM तक |
| करण | चतुष्पाद |
| मास / ऋतु | भाद्रपद / शरद |
| संवत | विक्रम संवत 2083 (सिद्धार्थी) · शक संवत 1948 |
| सूर्य / चंद्र राशि | कन्या / कन्या |
| सूर्योदय – सूर्यास्त | 06:15 AM – 05:55 PM |
| चंद्रोदय | 05:49 AM |
| राहुकाल | 09:10 AM – 10:38 AM |
|---|---|
| यमगंड | 01:33 PM – 03:00 PM |
| गुलिक काल | 06:15 AM – 07:43 AM |
| अभिजित मुहूर्त | 11:42 AM – 12:28 PM |
| ब्रह्म मुहूर्त | 04:36 AM – 05:26 AM |
| दिशा शूल | पूर्व |
काल (06:15 AM–07:42 AM) · शुभ (07:42 AM–09:10 AM) · रोग (09:10 AM–10:37 AM) · उद्वेग (10:37 AM–12:05 PM) · चर (12:05 PM–01:32 PM) · लाभ (01:32 PM–03:00 PM) · अमृत (03:00 PM–04:27 PM) · काल (04:27 PM–05:55 PM)
लाभ (05:55 PM–07:27 PM) · उद्वेग (07:27 PM–09:00 PM) · शुभ (09:00 PM–10:32 PM) · अमृत (10:32 PM–12:05 AM) · चर (12:05 AM–01:37 AM) · रोग (01:37 AM–03:10 AM) · काल (03:10 AM–04:42 AM) · लाभ (04:42 AM–06:15 AM)
Swiss Ephemeris व लाहिरी अयनांश पर आधारित सटीक गणना — सूर्योदय-आधारित वैदिक दिन। तारीख़/शहर बदलने के लिए ऊपर का फ़ॉर्म प्रयोग करें।
आगरा (उत्तर प्रदेश) का यह पंचांग स्थानीय सूर्योदय-सूर्यास्त (27.2°N, 78.0°E) पर Swiss Ephemeris से बनता है। यमुना-तट पर बसा यह नगर ताजमहल के लिए विश्व-प्रसिद्ध है। पूर्व-पश्चिम स्थिति के कारण यहाँ सूर्योदय दिल्ली से औसतन लगभग 3 मिनट पहले होता है — इसीलिए राहुकाल, चौघड़िया और होरा के समय हर शहर में अलग पड़ते हैं।
व्रत-त्योहार का निर्णय प्रायः सूर्योदय-व्यापिनी तिथि से होता है, इसलिए आगरा के व्रत-पर्व की सही तारीख़ इसी स्थानीय पंचांग से देखिए — तिथि, नक्षत्र, योग व करण अपने समाप्ति-समय के साथ ऊपर की तालिका में हैं।
⏳ आगरा राहुकाल · 🕐 चौघड़िया · 🕐 होरा · 🕉 शुभ मुहूर्त · 🪔 निःशुल्क कुंडली
आगरा का पंचांग किस गणना से बनता है?
आगरा के अक्षांश-देशांतर पर Swiss Ephemeris से — तिथि, नक्षत्र, योग, करण और सूर्योदय-सूर्यास्त शहर-विशेष निकलते हैं, इसीलिए हर शहर का पंचांग थोड़ा अलग होता है।
पंचांग का दिन कब बदलता है?
वैदिक दिन सूर्योदय से बदलता है, रात 12 बजे से नहीं — इसलिए सूर्योदय से पहले देखा गया «आज» वस्तुतः पिछला पंचांग-दिन होता है।
आगरा में आज राहुकाल कब है?
राहुकाल दिनमान का आठवाँ भाग है और हर वार को अलग खंड में पड़ता है — ऊपर की तालिका में आज का समय दिख रहा है; पूरा विवरण राहुकाल-पन्ने पर है।
शुभ कार्य के लिए समय कैसे चुनें?
पहले तिथि-नक्षत्र की शुद्धि, फिर अभिजित/चौघड़िया-मुहूर्त और राहुकाल-यमगंड का त्याग — विवाह जैसे बड़े कार्यों के लिए कुंडली-आधारित मुहूर्त ही लें।
सटीक तिथि, पूजा-मुहूर्त, चरण-दर-चरण विधि, सामग्री-सूची व कथा — हर व्रत का अपना पन्ना।